
दुबई की टेक्नोलॉजी कंपनी LEAP 71 ने हाल ही में दो अलग-अलग प्रकार के 20 kN मेथलॉक्स रॉकेट इंजन का सफल परीक्षण किया।
कंपनी के Large Computational Engineering Model Noyron द्वारा इन इंजन को बिना किसी इंसानी मदद के डिज़ाइन किया गया और जर्मनी की एक एडिटिव मैन्युफैक्चरिंग कंपनी (Aconity3D) द्वारा एक उच्च-तापमान वाले तांबे के मिश्र धातु (CuCrZr) से इन इंजनों को 3D प्रिंट किया गया।
ये इंजन एक पारंपरिक बेल नोजल और एक पूर्ण-स्केल एयरोस्पाइक डिज़ाइन के साथ बनाए गए थे, और इनका परीक्षण तीन सप्ताह से भी कम समय में पूरा किया गया।
ये इंजन क्रायोजेनिक मीथेन और तरल ऑक्सीजन (मेथलॉक्स) पर चलते हैं और 2 टन थ्रस्ट उत्पन्न करते हैं, जो इन्हें ऑर्बिटल लॉन्चर अनुप्रयोगों के लिए उपयुक्त बनाता है ।
Leap 71 के मुताबिक, एयरोस्पाइक इंजन ने 50 बार के चैम्बर प्रेशर पर पहुंचकर अपनी डिज़ाइन की मूलभूत बातों को मान्य किया, जबकि पारंपरिक बेल-नोज़ल इंजन 93% से अधिक दहन दक्षता के साथ स्थिर स्थिति में पहुंचा ।
LEAP 71 इससे पहले क्रायोजेनिक लिक्विड ऑक्सीजन और केरोसिन पर चलने वाले इंजंनों पर भी काम कर चुकी है। अब यह कंपनी 200 kN और 2,000 kN मेथलॉक्स इंजन डिज़ाइनों पर काम कर रही है।

