दुनिया के कई देशों में जहां कुत्तों से फैलने वाला वायरल संक्रमण ‘रेबीज़’ आज भी एक गंभीर चुनौती बना हुआ है, वहीं दक्षिण अमेरिका के चिली और भारत के पड़ोसी देश भूटान ने, इस जानलेवा इंफेक्शन के रोकथाम की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है।
हाल ही में World Health Organisation यानी WHO ने चिली और भूटान को कुत्तों से फैलने वाली रेबीज़ बीमारी को सार्वजनिक स्वास्थ्य समस्या के रूप में ख़त्म करने की मान्यता दी है।
चिली दक्षिण अमेरिका का पहला देश है, जिसे यह मान्यता मिली है। वहीं भूटान WHO के दक्षिण-पूर्व एशिया क्षेत्र का पहला देश है, जिसने यह उपलब्धि हासिल की है।
WHO के अनुसार चिली देश में रेबीज़ का आख़िरी मामला साल 1972 में सामने आया था। इसके बाद 50 से ज़्यादा वर्षों में ऐसा कोई मामला दर्ज नहीं हुआ। इसी तरह भूटान में भी साल 2023 के बाद से रेबीज़ के कारण किसी इंसान की मौत नहीं हुई है।
इस बड़ी सफलता के पीछे दोनों देशों के लंबे समय से जारी प्रयास रहे हैं। जिनमें बड़े पैमाने पर कुत्तों का टीकाकरण, उनकी आबादी का प्रबंधन, इंसानों तथा जानवरों में बीमारी की निगरानी, और लोगों को अपने पालतू जानवरों के टीकाकरण के प्रति जागरूक करना शामिल है।
इस पूरी कोशिश में One Health Approach महत्वपूर्ण रही है। इसमें इंसानों और जानवरों के स्वास्थ्य को एक साथ ध्यान में रखकर बीमारी पर काम किया जाता है। यह उपलब्धि दिखाती है कि लगातार टीकाकरण, बीमारी की निगरानी और समय पर इलाज के ज़रिए रेबीज़ को रोकना संभव है।

